ग्वालियर, 31 जनवरी। शहर में लिफ्ट देकर गांव के ही परिचित युवकों ने 32 वर्षीय विवाहिता को बंधक बना लिया। लिफ्ट देने वाला परिचित औऱ उसका साथी बंधक महिला के साथ चार दिन तक बारी-बारी से बलात्कार करते रहे। विरोध करने पर पीड़िता को जान से मारने की धमकी दी जाती रही। चार दिन बाद महिला से मन भर गया तो आरोपी उसे शहर के गोल पहाड़िया इलाके में छोड़कर फ़रार हो गए। बाद में पीड़िता परिजन के साथ पुलिस थाने पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। परिचित से लिफ्ट ली तो बनाया बंधक और चार दिन तक जान से मारने की धमकी दे करते रहे बलात्कार….
बिलौआ पुलिस थाना क्षेत्र की 32 वर्षीय विवाहिता 25 जनवरी को ग्वालियर आने के लिए निकली तो गांव के ही मोनू ने उसे शहर तक जाने के लिए लिफ्ट ऑफर की। गांव का ही परिचित होने के कारण पीड़िता उसकी बाइक पर बैठ गई। आगे जाने पर मोनू का साथी अनिल मिल गया। मोनू ने उसे भी थोड़ी ही दूर जाने के नाम पर बाइक पर बैठी लिया। दोनों पीड़िता को पास ही खेत में बने एक कमरे पर ले गए। और कमरा बंद कर उसे बंधक बना लिया। दोनों ने कमरे में बंधक महिला को जान से मारने की धमकी देकर बलात्कार किया। इसके बाद दोनों आरोपी पीड़िता को अनिल के खेत पर बने कमरे में लेगए। दो दिन वहां रख कर पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया।
मन भर गया तो पीड़िता को शहर में छोड़ कर भाग गए
पीड़िता ने बताया कि आरोपी चार दिन तक उसे बंधक बना कर लागातार दुष्कर्म करते रहे। मन भर गया तो आरोपी उसे लेकर बाहर निकले और गोल पहाड़िया इलाके में छोड़कर भाग गए। पीड़िता स्थानीय लोगों की मदद से घर वापस पहुंची और परिजन को आपबीती सुनाई। परिजन रविवार 30 जनवरी को पीड़िता को लेकर बिलौआ पुलिस थाने पहुंचे, प्राथमिकी दर्ज कराई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
सात दिन में तीसरा गैंगरेप, दो में आरोपी अब तक फ़रार
ग्वालियर में विगत सात दिनों में सामूहिक बलात्कार का यह तीसरा अपराध दर्ज हुआ है। पहली वारदात 26 जनवरी की शाम भोपाल की 22 वर्षीय युवती के साथ सिटी सेंटर के एक होटल रिवाज में पेश आई। उसे सहेली ही आरोपियों के पास छोड़ कर फरार हो गई थी। गैंगरेप करने के बाद आरोपी भी फरार हो गए थे। वारदात में मददगार सहेली समेत दोनों बलात्कारियों का अब तक पुलिसे के पास कोई सुराग नहीं है। सामूहिक बलात्कार की दूसरी दुर्घटना 28 जनवरी को डबरा में एक नाबालिग के साथ घटी, इसमें दो युवकों ने नाबालिक को अगवा कर गैंगरेप का शिकार बनाया था। मामले का एक आरोपी पुलिस हिरासत में है, जबकि दूसरा अब क फ़रार है। तीसरी वारदात 30 जनवरी को बिलौआ क्षेत्र में लिफ्ट देकर बंधक बनाने और चार दिन तक गैंगरेप करने की दर्ज की गई है। इसमें पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।